Transliteration: (Wa wahabnaa lahoo Ishaaqa wa Ya'Qooba wa ja'alnaa fee zurriyyatihin Nubuwwata wal Kitaaba wa aatainaahu ajrahoo fid dunyaa wa innahoo fil aakhirati laminas saaliheen)
"और हमने उन्हें इसहाक़ [61] और याक़ूब अता फ़रमाए, और हमने उनकी औलाद में नबूवत और किताब रख दी [62], और हमने उन्हें उनका अज्र दुनिया में भी दिया [63]; और बेशक वे आख़िरत में भी सालेहीन (नेक बंदों) में से होंगे [64]।"
अल्लाह तआला ने हज़रत इब्राहीम को बुढ़ापे में हज़रत इसहाक़ जैसा जलीलुल-क़द्र बेटा और हज़रत याक़ूब जैसा पोता अता फ़रमाया।
हज़रत इब्राहीम के बाद जितने भी नबी और आसमानी किताबें (तौरात, ज़बूर, इंजील और क़ुरआन) आईं, वे सब हज़रत इब्राहीम की औलाद में से हुईं, इसीलिए आपको 'अब्बुल-अंबिया' (नबियों का बाप) कहा जाता है।
दुनिया में तमाम मजाहिब (मुसलमान, ईसाई, यहूदी) हज़रत इब्राहीम का एहतराम करते हैं और आपका नाम ख़ैर व इज़्ज़त से लिया जाता है।
आख़िरत में वे सालेहीन और मुक़र्रबीन के सर-ख़ैल और जन्नत के आला दर्जात में फ़ाइज़ होंगे।
For a faster and smoother experience,
install our mobile app now.
संबंधित आयात (विषय) / Related Ayat