कुरान - 17:47 सूरह अल-इस्रा अनुवाद, लिप्यंतरण और तफसीर (तफ्सीर).

47
نَّحۡنُ أَعۡلَمُ بِمَا يَسۡتَمِعُونَ بِهِۦٓ إِذۡ يَسۡتَمِعُونَ إِلَيۡكَ وَإِذۡ هُمۡ نَجۡوَىٰٓ إِذۡ يَقُولُ ٱلظَّـٰلِمُونَ إِن تَتَّبِعُونَ إِلَّا رَجُلٗا مَّسۡحُورًا

Transliteration: (Nahnu a'lamu bimaa yastami'oona biheee iz yastami'oona ilaika wa iz hum najwaaa iz yaqooluz zaalimoona in tattabi'oona illaa rajulam mas hooraa)

हम भली-भांति जानते हैं जिस ध्यान से वे सुनते हैं जब वे आपकी ओर कान लगाते हैं, और जब वे आपस में कानाफूसी करते हैं; जब वे ज़ालिम कहते हैं, "तुम तो केवल एक ऐसे व्यक्ति का अनुसरण कर रहे हो जिस पर जादू कर दिया गया है!" (अनुवाद — मुफ़्ती अहमद यार ख़ान)

मुफ़्ती अहमद यार ख़ान — सूरह अल-इस्रा आयत 47 तफ़सीर



  • मुफ़्ती अहमद यार ख़ान (तफ़सीर-ए-नईमी)

📖 सूरह अल-इस्रा – आयत 47 का हिन्दी अनुवाद और तफ़्सीर

✅ [1] काफ़िरों की गुप्त कानाफूसियां

कुरैश के सरदार रात के अंधेरे में छिपकर नबी ﷺ की तिलावत सुनते थे, मगर दिन में लोगों को भटकाने के लिए कहते थे कि ये तो जादू के शिकार हैं। अल्लाह उनकी हर चाल से वाक़िफ़ है।

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