कुरान - 18:76 सूरह अल-कह्फ़ अनुवाद, लिप्यंतरण और तफसीर (तफ्सीर).

76
قَالَ إِن سَأَلۡتُكَ عَن شَيۡءِۭ بَعۡدَهَا فَلَا تُصَٰحِبۡنِيۖ قَدۡ بَلَغۡتَ مِن لَّدُنِّي عُذۡرٗا

Transliteration: (Qaala in sa altuka 'an shai'im ba'dahaa falaa tusaahibnee qad balaghta mil ladunnee 'uzraa)

मूसा ने कहा, 'अगर इसके बाद मैं आपसे किसी चीज़ के बारे में सवाल करूँ, तो आप मुझे अपने साथ न रखिएगा; यक़ीनन मेरी तरफ़ से आपका उज़्र पूरा हो चुका होगा।' (अनुवाद — मुफ़्ती अहमद यार ख़ान)

मुफ़्ती अहमद यार ख़ान — सूरह अल-कह्फ़ आयत 76 तफ़सीर



  • मुफ़्ती अहमद यार ख़ान (तफ़सीर-ए-नईमी)

📖 सूरह अल-कहफ़ - आयत 76

✅ हज़रत मूसा की आख़िरी शर्त

हज़रत मूसा (अलैहिस्सलाम) ने खुद ही फ़ैसला फ़रमा दिया कि अगर अब इसके बाद मैंने आपसे कोई सवाल पूछा, तो आप मुझे अपनी सोहबत से अलग कर दीजिएगा, फिर आपको जुदाई का पूरा हक़ होगा।

Sign up for Newsletter

×

Download Our Quran App

For a faster and smoother experience,
install our mobile app now.

Download Now