कुरान - 7:196 सूरह अल-आराफ अनुवाद, लिप्यंतरण और तफसीर (तफ्सीर).

196
إِنَّ وَلِـِّۧيَ ٱللَّهُ ٱلَّذِي نَزَّلَ ٱلۡكِتَٰبَۖ وَهُوَ يَتَوَلَّى ٱلصَّـٰلِحِينَ

Transliteration: (Inna waliyyial laahul lazee nazzalal Kitaaba wa Huwa yatawallas saaliheen)

वास्तव में मेरा संरक्षक [451] अल्लाह है, जिसने यह किताब उतारी, और वही नेक लोगों का संरक्षक है। (अनुवाद — मुफ़्ती अहमद यार ख़ान)

मुफ़्ती अहमद यार ख़ान — सूरह अल-आराफ आयत 196 तफ़सीर



  • मुफ़्ती अहमद यार ख़ान (तफ़सीर-ए-नईमी)

📖 सूरा अल-आ़राफ़ – आयत 196 की तफ़्सीर

✅ [451] अल्लाह ही असली संरक्षक है

यह आयत बताती है कि सच्चा मददगार और संरक्षक केवल अल्लाह ही है। वही है जिसने किताब नाज़िल की और वही परहेज़गारों का सहायक और संरक्षक है।

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