कुरान - 16:3 सूरह अल-नहल अनुवाद, लिप्यंतरण और तफसीर (तफ्सीर).

3
خَلَقَ ٱلسَّمَٰوَٰتِ وَٱلۡأَرۡضَ بِٱلۡحَقِّۚ تَعَٰلَىٰ عَمَّا يُشۡرِكُونَ

Transliteration: (Khalaqas samaawaati wal arda bilhaqq; Ta'aalaa 'ammaa yushrikoon)

उसने आसमानों और ज़मीन को हक़ के साथ बनाया। वह बहुत बुलन्द है उनके शिर्क से। (अनुवाद — मुफ़्ती अहमद यार ख़ान)

मुफ़्ती अहमद यार ख़ान — सूरह अल-नहल आयत 3 तफ़सीर



  • मुफ़्ती अहमद यार ख़ान (तफ़सीर-ए-नईमी)

सूरह अन-नह्ल – आयत 3 की तफ़सीर (तफ़सीरे नईमी)

"उसने आसमानों और ज़मीन को हक़ के साथ बनाया। वह बहुत बुलन्द है उनके शिर्क से।"

[3] हिकमत और हक़ के साथ कायनात की तख़्लीक़

अल्लाह तआला ने आसमानों और ज़मीन को हिकमत, इंसाफ़ और सच्चे मक़सद के साथ पैदा फ़रमाया है, कोई खेल-तमाशे के तौर पर नहीं। वह मुशरिकों के गढ़े हुए तमाम झूठे माबूदों और शरीकों से पाक और बहुत बुलन्द व बाला है।

Sign up for Newsletter

×

Download Our Quran App

For a faster and smoother experience,
install our mobile app now.

Download Now