Transliteration: (Wa Huwal lazee yunazzilul ghaisa min ba'di maa qanatoo wa yanshuru rahmatah; wa Huwal Waliyyul Hameed)
और वही है जो लोगों के ना-उमà¥à¤®à¥€à¤¦ हो जाने के बाद बारिश बरसाता है [88] और अपनी रहमत को फैला देता है; और वही हक़ीक़ी कारसाज़, तमाम हमà¥à¤¦ का मालिक (वली व हमीद) है।
यहां लफ़à¥à¤œà¤¼ 'ग़ैष' (الغَيْث) इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² हà¥à¤† है जिससे मà¥à¤°à¤¾à¤¦ वह मà¥à¤«à¤¼à¥€à¤¦ और रहमत वाली बारिश है जो सूखे और क़हत के बाद बंदों की ज़िंदगी और फ़सलों के लिठहयात-à¤-ताज़ा बन कर आà¤à¥¤ जब इंसान तमाम ज़ाहिरी तदबीरों से मायूस हो जाता है, तो अलà¥à¤²à¤¾à¤¹ तआला अपनी मख़à¥à¤¸à¥‚स रहमत से अबर-à¤-रहमत बरसा कर अपनी कà¥à¤¦à¤°à¤¤ का मà¥à¤œà¤¼à¤¾à¤¹à¤¿à¤°à¤¾ फ़रमाता है।
For a faster and smoother experience,
install our mobile app now.
संबंधित आयात (विषय) / Related Ayat