Transliteration: (Faqulnaa yaaa Aadamu inna haazaa 'aduwwul laka wa lizawjika falaa yukhrijan nakumaa minal Jannati fatashqaa)
"तो हमने फ़रमाया, 'ऐ आदम! बेशक यह तुम्हारा और तुम्हारी बीवी का दुश्मन है, ऐसा न हो कि यह तुम दोनों को जन्नत से निकाल दे और तुम मशक़्क़त में पड़ जाओ [164] ।' "
जन्नत में हर चीज़ तैयार मिलती थी। दुनिया में जाने पर खेती-बाड़ी, कपड़ा बुनना और रोज़ी कमाने की जिस्मानी मशक़्क़त बर्दाश्त करनी पड़ेगी।
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