Transliteration: (Bal ta'teehim baghtatan fatabhatuhum falaa yastatee'oona raddahaa wa laa hum yunzaroon)
"बल्कि वह (क़ियामत) अचानक उन पर आ पहुंचेगी और उन्हें हक्का-बक्का (हैरान व परेशान) कर देगी [63], फिर न तो वे उसे टाल सकेंगे और न उन्हें कोई मोहलत दी जाएगी।"
क़ियामत का वक़्त अचानक आ धमकेगा जब लोग दुनियावी मशग़ूलियतों में डूबे होंगे। यह नागाह आफ़त काफ़िरों के होश उड़ा देगी और उन्हें हक्का-बक्का (मबdirectionless) कर देगी:
काफ़िरों के लिए यह अज़ीम खलबली और रुस्वाई का दिन होगा।
लेकिन अल्लाह के नेक बंदों (औलिया व सालेहीन) को इस अज़ीम घबराहट से कोई ग़म न पहुंचेगा, जैसा कि सूरह अंबिया आयत 103 में फ़रमाया: "वह बड़ी घबराहट उन्हें ग़मगीन न करेगी।"
For a faster and smoother experience,
install our mobile app now.
संबंधित आयात (विषय) / Related Ayat