कुरान - 22:2 सूरह अल-हज् अनुवाद, लिप्यंतरण और तफसीर (तफ्सीर).

2
يَوۡمَ تَرَوۡنَهَا تَذۡهَلُ كُلُّ مُرۡضِعَةٍ عَمَّآ أَرۡضَعَتۡ وَتَضَعُ كُلُّ ذَاتِ حَمۡلٍ حَمۡلَهَا وَتَرَى ٱلنَّاسَ سُكَٰرَىٰ وَمَا هُم بِسُكَٰرَىٰ وَلَٰكِنَّ عَذَابَ ٱللَّهِ شَدِيدٞ

Transliteration: (Yawma tarawnahaa tazhalu kullu murdi'atin 'ammaaa arda'at wa tada'u kullu zaati hamlin hamlahaa wa tarannaasa sukaaraa wa maa hum bisukaaraa wa lakinna 'azaabal laahi shadeed)

2. जिस दिन तुम उसे देखोगे, हर दूध पिलाने वाली अपने दूध पीते बच्चे को भूल जाएगी [4], और हर हमल (गर्भवती) वाली अपना हमल गिरा देगी, और आप लोगों को मदहोश (नशे में) देखेंगे [5] हालांकि वे नशे में नहीं होंगे, बल्कि अल्लाह का अज़ाब बहुत ही सख़्त होगा! (अनुवाद — मुफ़्ती अहमद यार ख़ान)

मुफ़्ती अहमद यार ख़ान — सूरह अल-हज् आयत 2 तफ़सीर



  • मुफ़्ती अहमद यार ख़ान (तफ़सीर-ए-नईमी)

सूरह अल-हज्ज — आयत 2 की तफ़सीर

"जिस दिन तुम उसे देखोगे, हर दूध पिलाने वाली अपने दूध पीते बच्चे को भूल जाएगी [4], और हर हमल (गर्भवती) वाली अपना हमल गिरा देगी, और आप लोगों को मदहोश (नशे में) देखेंगे [5] हालांकि वे नशे में नहीं होंगे, बल्कि अल्लाह का अज़ाब बहुत ही सख़्त होगा!"

[4] क़ियामत की होलनाकी और होश-रुबा मंज़र

दूध पिलाने वाली मां अपनी औलाद पर जान छिड़कती है, मगर उस दिन की दहशत ऐसी होगी कि मां अपने बच्चे को भूल जाएगी और हामिला औरतों के हमल गिर जाएंगे। यह उस दिन की बे-पनाह वहशत और ख़ौफ़ की मिसाल बयान की गई है।

[5] बे-ख़ुदी और मदहोशी का आलम

दहशत के मारे लोग पागलों और शराबियों की तरह लड़खड़ाते फिरेंगे हालांकि उन्होंने शराब नहीं पी होगी, बल्कि अल्लाह के अज़ाब की शिद्दत और हैबत ने उनकी अक़्लों को माउफ़ कर दिया होगा। अल्लाह के ख़ास महबूब और मुक़र्रब बंदे इस वहशत से महफ़ूज़ रहेंगे।

Sign up for Newsletter

×

Download Our Quran App

For a faster and smoother experience,
install our mobile app now.

Download Now