कुरान - 12:2 सूरह यूहफ़़ अनुवाद, लिप्यंतरण और तफसीर (तफ्सीर).

2
إِنَّآ أَنزَلۡنَٰهُ قُرۡءَٰنًا عَرَبِيّٗا لَّعَلَّكُمۡ تَعۡقِلُونَ

Transliteration: (Innaaa anzalnaahu quraanan 'Arabiyyal la 'allakum ta'qiloon)

निस्संदेह, हमने इसे अरबी भाषा में क़ुरआन बनाकर उतारा है ताकि तुम (हिकमत और अर्थ को) समझ सको। (अनुवाद — मुफ़्ती अहमद यार ख़ान)

मुफ़्ती अहमद यार ख़ान — सूरह यूहफ़़ आयत 2 तफ़सीर



  • मुफ़्ती अहमद यार ख़ान (तफ़सीर-ए-नईमी)

📖 सूरह यूसुफ़ – आयत 2 का हिन्दी अनुवाद और तफ़्सीर

✅ [1] अरबी भाषा में अवतरण का उद्देश्य

अरबी भाषा अपनी शब्दावली, गहराई, स्पष्टता और अभिव्यक्ति की सुंदरता में संसार की सबसे समृद्ध भाषा है। अल्लाह ने इस भाषा को इसलिए चुना ताकि अंतिम ईश्वरीय संदेश बिना किसी अस्पष्टता के इंसानों की बुद्धि और दिलों तक पहुँच सके।

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