Transliteration: (Innahoo mai ya'ti Rabbahoo mujriman fa inna lahoo Jahannama laa yamootu feehaa wa laa yahyaa)
" 'बेशक जो शख़्स अपने रब के हुज़ूर मुजरिम बनकर हाज़िर होगा, तो यक़ीनन उसके लिए जहन्नम है जिसमें न वह मरेगा और न जिएगा [97] ।' "
इससे मालूम हुआ कि ईमान लाते ही अल्लाह तआला ने उन जादूगरों के दिलों पर इस्लामी अकायद और आख़िरत के हक़ायक़ का इल्हाम फ़रमा दिया। बग़ैर किसी उस्ताद के वे जहन्नम और आख़िरत के अज़ाब के अज़ीम मसाइल बयान करने लगे।
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