Transliteration: (Wallazeena hum li amaanaatihim wa 'ahdihim raa'oon)
"और जो अपनी अमानतों और अपने अहद (वादे) की मुकम्मल निगरानी (पासदारी) करने वाले हैं [8];"
सच्चे मोमिन कभी किसी की अमानत में ख़ियानत नहीं करते और जो अहद या मुआहिदा किसी से करते हैं, उसे पूरी दयानतदारी से निभाते हैं। हमारे जिस्म के आज़ा (आंख, कान, ज़बान, हाथ, पैर) अल्लाह की अमानत हैं; उन्हें गुनाहों में इस्तेमाल करना अल्लाह की अमानत में ख़ियानत है।
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