Transliteration: (Wa kullu shai'in fa'aloohu fiz Zubur)
"और जो कुछ उन्होंने किया है, वह सब आमाल-नामों में दर्ज है [69]।"
हज़रत मुफ़्ती अहमद यार ख़ान नईमी रहमतुल्लाह अलैह फ़रमाते हैं कि बंदा अपनी ज़िन्दगी में जो भी अमल करता है—चाहे भला हो या बुरा—किरामन कातिबीन फ़रिश्ते उसे पूरी अमानतदारी के साथ उसके आमाल-नामे में दर्ज कर रहे हैं। क़यामत के दिन यह खुला हुआ रजिस्टर हर इंसान के सामने रख दिया जाएगा।
For a faster and smoother experience,
install our mobile app now.
संबंधित आयात (विषय) / Related Ayat